Charkhi Dadri News – प्रतिभा किसी परिचय की मोहताज नहीं होती, जरूरत होती है उसे सही मंच, उचित मार्गदर्शन और प्रोत्साहन देने की। इसी बात को सच साबित करते हुए आदर्श वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, बौंद कलां के नन्हे खिलाडि़यों ने पानीपत में आयोजित हरियाणा स्कूल अंडर-11 राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में शानदार प्रदर्शन कर विद्यालय ही नहीं, बल्कि पूरे क्षेत्र का नाम रोशन किया है।
जिम्नास्टिक प्रतियोगिता में विद्यालय के पांच विद्यार्थियों ने सामूहिक स्पर्धा में रजत पदक हासिल कर अपनी मेहनत, प्रतिभा, अनुशासन और खेल कौशल का शानदार परिचय दिया। इस शानदार उपलब्धि के बाद विद्यालय में उत्साह और खुशी का माहौल देखने को मिला। विद्यालय प्रबंधन की ओर से सभी पदक विजेता विद्यार्थियों का विशेष सम्मान समारोह आयोजित कर उन्हें सम्मानित किया गया। इस अवसर पर बच्चों को प्रोत्साहित करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की गई। विद्यालय परिवार ने तालियों और शुभकामनाओं के साथ नन्हे खिलाडि़यों की उपलब्धि का स्वागत किया।
विद्यालय के निदेशक प्रताप सिंह यादव ने कहा कि विद्यार्थियों की यह उपलब्धि पूरे विद्यालय परिवार के लिए गर्व का विषय है। खेल केवल पदक जीतने का माध्यम नहीं हैं, बल्कि इनके माध्यम से बच्चों में आत्मविश्वास, अनुशासन, धैर्य, टीम भावना और कठिन परिस्थितियों का सामना करने की क्षमता विकसित होती है।
उन्होंने कहा कि विद्यालय का उद्देश्य केवल किताबी शिक्षा देना नहीं, बल्कि विद्यार्थियों को जीवन के प्रत्येक क्षेत्र में सफल और आत्मनिर्भर बनाना है। विद्यालय प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को आगे बढ़ने के लिए हर संभव अवसर और प्रोत्साहन देता रहेगा।
प्राचार्य कृष्ण दत्त ने पांचों पदक विजेताओं को बधाई देते हुए कहा कि छोटी उम्र में राज्य स्तर पर इस प्रकार की उपलब्धि हासिल करना बच्चों की मेहनत और समर्पण को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि सफलता एक दिन में नहीं मिलती, इसके पीछे नियमित अभ्यास, अनुशासन, शिक्षकों का मार्गदर्शन और अभिभावकों का सहयोग होता है।
उन्होंने अन्य विद्यार्थियों को भी खेलों में बढ़-चढ़कर भाग लेने और अपनी प्रतिभा को पहचानने के लिए प्रेरित किया। विद्यालय के एनसीसी प्रभारी फर्स्ट ऑफिसर कंवर सिंह यादव ने भी इस शानदार उपलब्धि पर विद्यार्थियों, अभिभावकों और विद्यालय परिवार को बधाई दी। उन्होंने अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि खेलों में सफलता प्राप्त करने के लिए अनुशासन, नियमित अभ्यास, आत्मविश्वास और दृढ़ संकल्प सबसे महत्वपूर्ण हैं। विद्यार्थियों की यह उपलब्धि अन्य बच्चों के लिए भी प्रेरणास्रोत बनेगी।
उन्होंने कहा कि छोटी उम्र में राज्य स्तर पर पदक जीतना बच्चों की प्रतिभा और उनके उज्ज्वल भविष्य की ओर संकेत करता है। विद्यालय में शिक्षा के साथ-साथ खेलों और अनुशासन को महत्व दिया जाना सराहनीय पहल है। प्रतियोगिता में विद्यार्थियों के साथ टीम इंचार्ज डीपीई विक्रमजीत और सविता देवी गए थे। दोनों ने प्रतियोगिता के दौरान बच्चों का मार्गदर्शन किया तथा उनका मनोबल बढ़ाया। विद्यार्थियों को प्रतियोगिता के लिए तैयार करने, उनका आत्मविश्वास बनाए रखने और बेहतर प्रदर्शन के लिए प्रेरित करने में उनका योगदान सराहनीय रहा।
विद्यालय प्रबंधन ने दोनों के प्रयासों की प्रशंसा की। इस उपलब्धि पर विद्यार्थियों के अभिभावकों ने खुशी जाहिर करते हुए विद्यालय प्रबंधन का आभार व्यक्त किया। अभिभावकों का कहना है कि आज के समय में बच्चों को केवल किताबी ज्ञान देना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि उनकी छिपी हुई प्रतिभा को पहचानकर उसे निखारना भी बेहद जरूरी है। आदर्श स्कूल बौंद कलां बच्चों को शिक्षा के साथ खेलों में भी आगे बढ़ने के अवसर प्रदान कर रहा है। विद्यालय द्वारा बच्चों की उपलब्धियों को सम्मान दे।
Read More….
झोझू कला में हरियाणा दिवस की धूम! Genius Mother’s Pride के बच्चों ने बिखेरे संस्कृति के रंग
